लोकायुक्त की टीम ने गुरुवार को दबिश देकर शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय के प्रभारी प्राचार्य को 10 हजार की रिश्वत के साथ एक रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। प्रभारी प्राचार्य ने स्कूल के ही चपरासी को 5 महीने का वेतन जारी कराने के एवज में 10 हजार की रिश्वत की मांग की थी। मामला शहडोल जिले के चितरांव गांव का है, जहां के शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में राजकुमार साकेत प्रभारी प्राचार्य हैं। लोकायुक्त की टीम मामले की जांच कर रही है।
स्कूल के चपरासी गायत्री वैश्य ने लोकायुक्त शहडोल से शिकायत की थी कि विद्यालय के प्रभारी प्राचार्य राजकुमार साकेत उनका 5 माह का वेतन जारी कराने के एवज में 20 हजार रूपए की रिश्वत की मांग की। जब इतनी राशि नहीं दे पाने की बात कही तो मामला 10 हजार रुपए पर तय हुआ। गुरुवार को सुबह जब चपरासी 10 हजार रुपए लेकर प्रभारी प्राचार्य के पास पहुंचा तो पहले से तैयार लोकायुक्त की टीम ने प्रभारी प्राचार्य को स्कूल के अंदर ही धर दबोचा।
लोकायुक्त की टीम कर रही पूछताछ
वहीं मामले में प्राचार्य को लोकायुक्त द्वारा रंगे हाथों गिरफ्तार करने के बाद आगे की कार्रवाई में जांच के आधार पर प्राचार्य के खिलाफ अधिनियम की धाराओं में रिश्वतखोरी का मामला दर्ज किया जाएगा। फिलहाल मामले में लोकायुक्त की टीम द्वारा प्रभारी प्राचार्य से पूछताछ जारी है।